ग्राम पंचायतों की स्वामित्व वाली भूमि से अतिक्रमण हटाये जाने की प्रक्रिया जारी ग्राम पंचायत के वाड़ पच होगे अध्यक्ष कमेटी गठित करेगी समिति ग्रामीण क्षेत्रों में कोई भी अतिक्रमण हो वहा की जानकारी उप खंड अधिकारी तक पहुंचाए
*पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर द्वारा महत्वपूर्ण मुद्दाउठया पूरे राजस्थान में अतिक्रम से निजात मिलने की उम्मीद पंचायती राज विभाग की पूरी गइडलाइन
राजस्थान पंचायती राज नियम, 1996 के नियम 165. पंचायत भूमि पर के अतिचारियों का पंचायत की सार्वजनिक भूमियों पर अतिचार के जनवरी और जुलाई मास में आबादी भूमियों, सर्वेक्षण और अतिचारियों का हटाया जाना. मामलों का पत्ता लगाने के लिए प्रतिवर्ष तालाब-तल और चरागाहों पर अतिचारियों का सर्वेक्षण करने के लिए तीन पंचों की एक समिति बनवाया जाना सुनिश्चित करें। ऐसे सभी अतिचार की, क्षेत्र के ब्यौरे और अतिचार की प्रकृति के साथ, ग्राम विकास अधिकारी द्वारा एक रजिस्टर में प्रविष्टि किया जाना सुनिश्चित किया जाये। पंचायत आबादी क्षेत्र में ऐसे अतिचारियों को अतिचारित भूमि की बेदखली के लिए नोटिस जारी करें। जब कभी पंचायत या उसके सदस्य या सचिव के ध्यान में लाया जाये कि अतिक्रमण किया जा रहा है तो सरपंच द्वारा अतिक्रमण के विरुद्ध निषेधात्मक आज्ञा जारी कर के तुरन्त अतिक्रमण या निर्माण रोक दें अन्यथा उसके खर्च व हर्जाने पर ऐसा अतिक्रमण हटा दिया जावे और सुनवाई की तिथि तय कर, पंचायत सुनवाई का समुचित अवसर देने के पश्चात उचित आदेश पारित करने की कार्यवाही करें।


* चरागाह भूमि या तालाब तल पर पाये गये अतिचार के सभी ऐसे मामलों की लिखित रिपोर्ट तहसीलदार को, मामले रजिस्टर करने और अतिचारियों को बेदखली के पंचायत के संकल्प के साथ किये जाने की कार्यवाही की जाए।
पंचायत, पंचायत भूमि पर अतिक्रमण हटाने के लिए सीधे ही या अपने क्षेत्र के उपखण्ड मजिस्ट्रेट को प्रार्थना करते हुए राजस्थान पंचायती राज अधिनियम, 1994 की धारा-110 के अनुसार पुलिस की सहायता भी ले सकती है।
पंचायत यह सुनिश्चित करें कि तहसीलदार द्वारा चरागाह भूमि के अतिचारियों पर अधिरोपित शास्तियों की सभी रकमें नियमानुसार पंचायत निधि में पूरी तरह जमा करा दी जायें।
5. बिन्दु संख्या 01, 02 एवं 03 में वर्णित समितियों को कियाशील करवाया जाये।
6. यदि किसी ग्राम पंचायत द्वारा समिति गठित नहीं की गई है तो समिति का गठन करवाया जाकर, उपरोक्तानुसार सर्वेक्षण करने, ऐसे सभी अतिचार की, क्षेत्र के ब्यौरे और अतिचार की प्रकृति के साथ, ग्राम विकास अधिकारी द्वारा एक रजिस्टर में प्रविष्टि किया जाना सुनिश्चित किया जाये तथा नियमानुसार अतिक्रमण हटवाये जाने की कार्यवाही भी सुनिश्चित की जाये।
7. उपरोक्तानुसार बिन्दु सख्या 06 के अनुसार सबंधित ग्राम पंचायत द्वारा की गई कार्यवाही बाबत संबंधित ग्राम विकास अधिकारी से लिखित में शपथ पत्र प्राप्त किया जाना सुनिश्चित किया


